बुधवार को एक ऐसा पल देखने को मिला, जिसे यात्रियों ने जिंदगी भर नहीं भूलने का फैसला किया। पटना से दुमका जा रही इंटरसिटी एक्सप्रेस के जनरल कोच में सफर कर रही एक गर्भवती महिला को अचानक तेज प्रसव पीड़ा हुई, और देखते ही देखते चलती ट्रेन में ही गूंज उठी किलकारी।
सुबह करीब 11 बजे जब ट्रेन जमालपुर स्टेशन पहुंची, तब तक चंदा नाम की महिला ने एक स्वस्थ बच्चे को जन्म दे दिया था। चंदा, जो जमालपुर प्रखंड के सिंघिया पंचायत अंतर्गत महमदपुर फरदा गांव की निवासी हैं, अपने पति और परिजनों के साथ पटना से जमालपुर की यात्रा पर थीं।
सफर के दौरान अचानक जब प्रसव पीड़ा शुरू हुई तो कोच में मौजूद परिवार के लोग घबरा गए, लेकिन आसपास बैठी कुछ महिलाओं ने साहस दिखाया और कपड़ों से पर्दा बनाकर महिला की मदद की। यात्रियों ने तत्परता दिखाते हुए तुरंत रेलवे स्टाफ को सूचित किया।
जैसे ही सूचना स्टेशन प्रबंधक संजय कुमार तक पहुंची, उन्होंने मेडिकल टीम को फौरन बुलवा लिया। स्टेशन पर ट्रेन के पहुंचते ही महिला को ‘ऑपरेशन मातृशक्ति’ के तहत प्लेटफॉर्म पर लाया गया और फिर रेलवे पुलिस की सहायता से एम्बुलेंस द्वारा नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया।
डॉक्टरों के अनुसार, मां और नवजात दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं।
रेलवे प्रशासन, मेडिकल स्टाफ और उन यात्रियों की सजगता और मानवता की भावना ने यह साबित कर दिया कि मुश्किल घड़ी में मिल-जुलकर काम किया जाए तो चमत्कार भी मुमकिन हैं।




