देवरिया। सदर सांसद शशांक मणि त्रिपाठी ने कहा कि भाजपा सरकार धर्मांतरण के मामलों में सख्त रुख अपनाए हुए है। उन्होंने स्पष्ट किया कि लोभ, प्रलोभन या किसी भी प्रकार के लाभ के आधार पर धर्मांतरण कराने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
बुधवार को पीडब्ल्यूडी डाक बंगले में आयोजित प्रेसवार्ता में सांसद ने बताया कि हाल ही में धर्मांतरण से जुड़े एक मामले में तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हुई है, जिनमें से दो आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकरण पर वह लगातार जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक के संपर्क में हैं।
सांसद त्रिपाठी ने कहा कि किसी भी स्वार्थ या लाभ के लिए धर्मांतरण कराना न केवल गलत है बल्कि यह संविधान की मूल भावना के खिलाफ भी है। संविधान प्रत्येक नागरिक को अपने धर्म का पालन करने की स्वतंत्रता देता है, लेकिन जबरन या लालच देकर धर्म परिवर्तन कराना आपराधिक कृत्य है।
दोषियों पर होगी कड़ी कार्रवाई
सांसद ने जनता से अपील की कि यदि कहीं भी धर्मांतरण जैसी गतिविधि दिखाई दे, तो तुरंत प्रशासन या उन्हें सूचित करें। उन्होंने आश्वासन दिया कि दोषियों को किसी भी कीमत पर छोड़ा नहीं जाएगा और कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने यह भी कहा कि कई जिलों में रोहिंग्या समुदाय के लोग रह रहे हैं और सरकार उनकी गतिविधियों पर कड़ी नजर रख रही है। उन्होंने दोहराया कि भाजपा सरकार का संकल्प है कि धर्मांतरण के जरिए सामाजिक सद्भाव और सांस्कृतिक मूल्यों को प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा।




