देवरिया, 18 मार्च। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी दिव्या मित्तल की अध्यक्षता में आयोजित मासिक समीक्षा बैठक में राजस्व कार्यों की प्रगति का विस्तार से आकलन किया गया। इस दौरान लंबित राजस्व वादों, लेखपाल स्तर पर अटकी आख्या और विभिन्न राजस्व प्रक्रियाओं की स्थिति पर विशेष रूप से चर्चा हुई।
बैठक में डीएम ने अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि लेखपाल स्तर पर लंबित आख्या को प्राथमिकता के आधार पर तत्काल भेजा जाए, ताकि मामलों के निस्तारण में अनावश्यक देरी न हो। उन्होंने जोर देकर कहा कि राजस्व न्यायालयों में लंबित मामलों को तय समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण तरीके से निपटाया जाए, जिससे आम लोगों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
दिव्या मित्तल ने यह भी स्पष्ट किया कि सभी फाइलों में आदेश निर्धारित समय के भीतर पारित किए जाएं। किसी भी स्तर पर लापरवाही या ढिलाई पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, पुराने मामलों के निस्तारण के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में पारदर्शिता और जवाबदेही पर विशेष बल देते हुए डीएम ने कहा कि राजस्व से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता बरतना जरूरी है और आमजन को त्वरित न्याय उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
इस अवसर पर मुख्य राजस्व अधिकारी वीके सिंह, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) रामशंकर समेत सभी उपजिलाधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे अपने-अपने तहसीलों में नियमित समीक्षा कर कार्यों की प्रगति सुनिश्चित करें और किसी भी प्रकार की लापरवाही से बचें।



